ब्रसेल्स: नाटो सैन्य अभियान के दौरान साइबर हथियार और कौशल का इस्तेमाल बढ़ाने पर आज सहमत हुआ. साथ ही सैन्य गठबंधन नाटो, रूस से लड़ने के लिए अन्य क्षमताएं भी विकसित करेगा.
नाटो प्रमुख जेन्स स्टोल्टेनबर्ग ने ब्रसेल्स में रक्षा मंत्रियों की एक बैठक में कहा कि यह बदलाव हाल के वर्षों में ‘‘सुरक्षा के माहौल में आए परिवर्तन’’ को दिखाते हैं.
वर्ष 2014 में रूस द्वारा क्रीमिया पर कब्जा किये जाने के बाद पूर्वी हिस्से में तैनात गठबंधन सेना के लिए खतरा बढ़ गया है. स्टोल्टेनबर्ग ने कहा, ‘‘परिवर्तित और नए सुरक्षा माहौल का जवाब देने के लिए अब हम नाटो मिशन और अभियान में साइबर हथियार एवं कौशल को शामिल कर रहे हैं. इनमें अब खतरे का जवाब देने के लिए साइबर सुरक्षा का इस्तेमाल किया जाएगा.’’
उन्होंने कहा, ‘‘किसी भी सैन्य संघर्ष में साइबर आंतरिक हिस्सा होगा और इसलिए हमें साइबर रक्षा और साइबर क्षमताएं बढ़ाने की जरुरत है.’’ नाटो मुख्यालय पर दो दिवसीय बैठक में उत्तर कोरिया परमाणु संकट पर भी चर्चा होगी, जो आज रात्रिभोज के केंद्र में होगा. इस रात्रिभोज में यूरोपीय संघ की राजनयिक प्रमुख फेड्रिका मोघेरिनी के साथ रक्षा मंत्री शामिल होंगे.
News Source: khabar.ndtv.com
Comments are closed.