Delhi-NCR is sweltering like a furnace, with dry winds from the Thar Desert worsening the situation; find out when relief will arrive दिल्ली में 14 साल का रिकॉर्ड टूटा: मई की सबसे गर्म रात ने उड़ाए होश, अगले 7 दिनों तक ‘ऑरेंज अलर्ट’ का टॉर्चर
राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों (NCR) में प्रकृति का बेहद आक्रामक और झुलसाने वाला रूप देखने को मिल रहा है। दिल्ली के लोग शुक्रवार को भी भीषण गर्मी की जानलेवा लहर (Heatwave) से लगातार जूझते रहे। मौसम विभाग से बेहद चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं, जिसके मुताबिक दिल्ली में गुरुवार को लगभग 14 सालों में मई महीने की सबसे गर्म रात दर्ज की गई है। इस बीच मौसम विशेषज्ञों ने दिल्ली वासियों को तगड़ी चेतावनी दी है कि भीषण गर्मी और लू का यह जानलेवा दौर कम से कम अगले एक हफ्ते तक इसी तरह बिना किसी राहत के जारी रहने की आशंका है।
14 साल बाद मई में दर्ज हुई ऐसी ‘गर्म रात’, थम गई लोगों की नींद
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के मुख्य मौसम केंद्र सफदरजंग में गुरुवार सुबह का न्यूनतम तापमान 31.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन के सामान्य स्तर से 5.2 डिग्री सेल्सियस ज्यादा था। यह मई के महीने में पिछले 14 वर्षों की सबसे गर्म रात रही। इससे पहले 26 मई 2012 को दिल्ली में इतनी गर्म रात दर्ज की गई थी, जब न्यूनतम तापमान का पारा 32.5 डिग्री सेल्सियस तक ऊपर चला गया था।
इस भयंकर और असामान्य तपन के कारण लोग रात के समय भी भारी थकावट और बेचैनी महसूस कर रहे हैं। दिल्ली के कई रिहायशी इलाकों से नागरिकों ने शिकायत की है कि रात में भी चलने वाली गर्म हवाओं और उमस के कारण उनकी रात की नींद पूरी तरह उड़ चुकी है। दिन के समय तो स्थिति और भी भयावह हो जाती है, जब शहर के कई हिस्सों में तापमान 45 डिग्री के पार चला जाता है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, इस समय राजस्थान और पड़ोसी देश पाकिस्तान के तपते इलाकों से आने वाली गर्म हवाओं (लू) ने दिल्ली की स्थिति को बदतर बना दिया है।
अगले 7 दिनों का कड़ा ‘ऑरेंज अलर्ट’, भट्टी की तरह तपेगा एनसीआर
मौसम विभाग ने दिल्ली-एनसीआर के लिए ऑरेंज अलर्ट (Orange Alert) जारी रखा है। आईएमडी के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, आगामी 27 मई तक दिल्ली का अधिकतम तापमान 44 से 45 डिग्री सेल्सियस के आसपास ही फिक्स रहने की आशंका है, जबकि न्यूनतम तापमान भी 30 से 32 डिग्री सेल्सियस के करीब बना रहेगा।
गुरुवार को दिल्ली के विभिन्न केंद्रों में दर्ज किया गया अधिकतम तापमान इस प्रकार रहा:
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रिज क्षेत्र (가장 गर्म): 45.3°C
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आयानगर: 44.5°C
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पालम: 44.3°C
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लोधी रोड: 44.3°C
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सफदरजंग: 43.6°C
अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली लगातार पिछले चार दिनों से भीषण लू की चपेट में है। आईएमडी के कड़े नियमों के अनुसार, मैदानी इलाकों में लू की घोषणा तब की जाती है जब अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस को पार कर जाए और वह लगातार सामान्य स्तर से 4.5 डिग्री या उससे अधिक ऊपर बना रहे।
आखिर रात में क्यों नहीं कम हो रहा है तापमान? जानिए वैज्ञानिक वजह
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि यह वेदर सिस्टम लगातार गंभीर होता जा रहा है। दरअसल, थार रेगिस्तान की ओर से लगातार बेहद शुष्क और गर्म उत्तर-पश्चिमी हवाएं दिल्ली की तरफ बह रही हैं। ये हवाएं अपने साथ भारी गर्मी लाती हैं और जमीन के पास ही गर्म हवा का एक घेरा (हीट डोम) बना देती हैं।
निजी मौसम पूर्वानुमान एजेंसी ‘स्काईमेट वेदर’ (Skymet Weather) के प्रमुख महेश पलावत ने इस स्थिति पर महत्वपूर्ण तकनीकी जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया:
रातें गर्म होने की असल वजह: “दिनभर सूरज की तीखी किरणों के कारण जमीन के भीतर जो भारी गर्मी जमा होती है, वह कंक्रीट के जंगलों (भवनों और सड़कों) के कारण रात के समय अंतरिक्ष में वापस नहीं निकल पा रही है। कंक्रीट और जमीन को खुद को ठंडा करने का पर्याप्त समय ही नहीं मिल पा रहा है, जिसकी वजह से रातें लगातार तप रही हैं। सबसे चिंता की बात यह है कि अगले 10 दिनों तक दिल्ली-एनसीआर में किसी भी तरह की धूलभरी आंधी या प्री-मानसून बारिश की कोई संभावना नजर नहीं आ रही है।”
डॉक्टरों की सख्त हिदायत और खराब श्रेणी में पहुंचा AQI
लंबे समय तक जारी इस शुष्क और रेकॉर्डतोड़ तापमान के चलते डॉक्टरों ने डिहाइड्रेशन (शरीर में पानी की कमी), हीट एग्जॉशन (गर्मी से थकावट) और अचानक हीट स्ट्रोक (लू लगना) का शिकार होने की चेतावनी दी है। विशेषकर छोटे बच्चों, बुजुर्गों और फील्ड में काम करने वाले मजदूरों को दोपहर 12 से शाम 4 बजे के बीच सीधी धूप में न निकलने, लगातार पर्याप्त मात्रा में पानी या ओआरएस (ORS) का घोल पीते रहने और सूती व हल्के कपड़े पहनने की कड़क सलाह दी गई है।
हवा भी हुई जहरीली:
इस भीषण गर्मी और रेगिस्तानी इलाकों से आ रही धूलभरी तेज हवाओं ने राष्ट्रीय राजधानी की वायु गुणवत्ता (Air Quality) को भी बुरी तरह प्रभावित किया है। लगातार शुष्क मौसम के कारण गुरुवार को दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 209 दर्ज किया गया, जो प्रदूषण के मानकों के अनुसार सीधे “खराब” (Poor) श्रेणी में आता है। ऐसे में सांस और दिल के मरीजों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की आवश्यकता है।
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